अध्याय 23: वायुमंडल: संरचना, पवनें एवं जलवायु विज्ञान
पृथ्वी को चारों तरफ से घेरने वाले गैसों, जलवाष्प और धूलकणों के संघनन आवरण को वायुमंडल कहा जाता है। यह पृथ्वी पर जीवन को बनाए रखने और जलवायु को नियंत्रित करने में मुख्य भूमिका निभाता है।
1. वायुमंडल की संरचना एवं परतें
| मंडल का नाम | ऊँचाई सीमा | प्रमुख विशेषताएँ |
|---|---|---|
| क्षोभमंडल (Troposphere) | 0 से 12/18 किमी | सभी मौसमी घटनाएँ (वर्षा, बादल, आंधी) इसी परत में होती हैं। प्रति 165 मीटर पर 1°C तापमान घटता है। |
| समतापमंडल (Stratosphere) | 18 से 50 किमी | ओज़ोन परत इसी में पाई जाती है जो हानिकारक पराबैंगनी किरणों को रोकती है। वायुयान उड़ाने के लिए आदर्श। |
| मध्यमंडल (Mesosphere) | 50 से 80 किमी | यह वायुमंडल की सबसे ठंडी परत है जहाँ उल्कापिंड जलकर नष्ट होते हैं। |
| आयनमंडल (Ionosphere) | 80 से 400 किमी | यहाँ विद्युत आवेशित कण (आयन) होते हैं जो रेडियो तरंगों को पृथ्वी पर परावर्तित करते हैं। |
2. पवनें (Winds) और उनके प्रकार
- व्यापारिक पवनें (Trade Winds): उपोष्ण उच्च वायुदाब से विषुवतीय निम्न वायुदाब की ओर बहने वाली नियमित पवनें।
- पछुआ पवनें (Westerlies): उपोष्ण उच्च दाब से उप-ध्रुवीय निम्न दाब की ओर चलने वाली पवनें।
- ध्रुवीय पवनें (Polar Winds): ध्रुवीय उच्च दाब क्षेत्रों से उप-ध्रुवीय निम्न दाब क्षेत्रों की ओर बहने वाली ठंडी पवनें।
3. जलवायु विज्ञान के घटक
तापमान, आर्द्रता, वायुदाब, पवन और वर्षा किसी भी क्षेत्र की जलवायु को तय करने वाले प्राथमिक कारक हैं। वायुदाब पेटियों (Pressure Belts) का खिसकना मानसूनी हवाओं की उत्पत्ति का मुख्य कारण है।
💡 मुख्य परीक्षा उपयोगी तथ्य
• वायुमंडल में सर्वाधिक मात्रा में पाई जाने वाली गैस नाइट्रोजन (लगभग 78.08%) है, जबकि दूसरे स्थान पर ऑक्सीजन (लगभग 20.95%) है।
• ओजोन परत की मोटाई मापने की इकाई डॉबसन (Dobson Unit) है।
• ओजोन परत की मोटाई मापने की इकाई डॉबसन (Dobson Unit) है।