अध्याय: भारत की जनसंख्या
भारत विश्व का सबसे अधिक जनसंख्या वाला देश है। भौगोलिक दृष्टि से विविधता भरा होने के कारण यहाँ जनसंख्या का वितरण असमान है। जनसंख्या का अध्ययन भूगोल की महत्वपूर्ण इकाई है क्योंकि यह संसाधनों, विकास और पर्यावरण पर सीधा प्रभाव डालती है।
1. भारत की जनसंख्या के प्रमुख आँकड़े
भारत की जनसंख्या में निरंतर वृद्धि हुई है, लेकिन हाल के वर्षों में वृद्धि दर में कमी आई है।
- 2011 की जनगणना के अनुसार: 1,21,08,54,977 (लगभग 121 करोड़)।
- विश्व में स्थान: 2nd (2011 तक)।
- 2023 UN अनुमान के अनुसार: Rank-1 (दुनिया का सबसे अधिक आबादी वाला देश)।
- 2024 अनुमान: लगभग 1.41 अरब (141 करोड़), जो विश्व की कुल जनसंख्या का लगभग 17.5% है।
📊 तुलनात्मक आँकड़े
• Rank-1: भारत
• Rank-2: चीन
भारत की विशाल जनसंख्या उत्तर के उपजाऊ मैदानों और तटीय क्षेत्रों में केंद्रित है।
• Rank-2: चीन
भारत की विशाल जनसंख्या उत्तर के उपजाऊ मैदानों और तटीय क्षेत्रों में केंद्रित है।
2. भारत से संबंधित महत्वपूर्ण भौगोलिक बिंदु
जनसंख्या वितरण को समझने के लिए निम्नलिखित भौगोलिक बिंदु महत्वपूर्ण हैं:
- कन्या कुमारी (Cape Comorin): मुख्य भूमि का सबसे दक्षिणी बिंदु।
- इंदिरा पॉइंट / पिग्मेलियन पॉइंट: सम्पूर्ण भारत का सबसे दक्षिणी बिंदु।
- गुहा मोती (Guhar Moti): भारत का सबसे पश्चिमी बिंदु (लद्दाख)।
3. जनसंख्या वितरण को प्रभावित करने वाले कारक
| कारक | प्रभाव |
|---|---|
| भौगोलिक स्थिति | उत्तर के मैदान उपजाऊ होने के कारण घनी आबादी वाले हैं। |
| पर्वतीय क्षेत्र | हिमालय और पूर्वोत्तर पहाड़ियों में कम जनसंख्या। |
| मरुस्थलीय क्षेत्र | थार मरुस्थल (राजस्थान) में कम घनत्व। |
| तटीय क्षेत्र | अच्छी कृषि और व्यापार के कारण मध्यम से उच्च घनत्व। |